अपनी पसन्द के ये तीन गाने आपकी नज़र कर रहा हूँ । लुत्फ़ उठायें । इनमें से एक पर भूतकाल में कुछ चर्चा भी हुई थी ; पर लगता है मेरी किस्मत में सही जानकारी का अभाव ही लिखा है ( सन्दर्भ : " तू हिन्दू बनेगा न मुसलमान बनेगा ....) ।
लीजिये गाने सुनिए ।
(गाना - एक )
(गाना दो )
(गाना - तीन)
Mohalla Live
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Mohalla Live
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गाली-मुक्त सिनेमा में आ पाएगा पूरा समाज?
Posted: 24 Jan 2015 12:35 AM PST
सिनेमा समाज की कहानी कहता है और...
11 वर्ष पहले

3 टिप्पणियां:
सुन रही हूं ...
sangeet me madhyam se bahut hi sunder sandesh diya hai aapne.
प्रिय जाहिद भाई,
आपके संकलन से मुझे लगता है कि आपने जिन गानों का चयन किया है और उसे जिस क्रम में सजाया है उससे प्रतीत होता है कि आप इस माध्यम से समाज को सर्वप्रथम देशभक्ति फिर प्रेम और सदभावना और धर्मनिरपेक्षता का सन्देश देना चाहते है। मुझे अपने मंदबुद्धि से मात्र इतना ही समझ में आता है। वैसे देवानंद साहब का अंदाज तो सबको भाता ही है।
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